स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय का आठवां दीक्षांत समारोह गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। समारोह में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा मुख्य अतिथि और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।

दीक्षांत समारोह में मेडिकल, एलाइड हेल्थ, नर्सिंग, मैनेजमेंट, इंजीनियरिंग, योग विज्ञान एवं बायो-साइंसेज सहित विभिन्न संकायों के 1001 छात्र-छात्राओं को डिग्रियां प्रदान की गईं। इस अवसर पर 31 विद्यार्थियों को अकादमिक अवार्ड, 2 छात्रों को स्वामी राम बेस्ट ग्रेजुएट अवार्ड और 14 शोधार्थियों को पीएचडी की उपाधि से सम्मानित किया गया।
नड्डा बोले – डिग्री के साथ समाज सेवा की जिम्मेदारी:-
मुख्य अतिथि जेपी नड्डा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि दीक्षांत समारोह केवल शैक्षणिक उपलब्धि नहीं, बल्कि जीवन की नई जिम्मेदारियों की शुरुआत है। उन्होंने कहा कि डिग्री के साथ मानवता और समाज के प्रति उत्तरदायित्व भी जुड़ा होता है। उन्होंने विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि अमृतकाल के अगले 25 वर्ष निर्णायक होंगे और आज के युवा ही राष्ट्र निर्माण के कर्ताधर्ता बनेंगे।

मुख्यमंत्री धामी ने युवाओं को बताया राज्य की सबसे बड़ी ताकत:-
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड की युवा शक्ति राज्य और राष्ट्र की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने विश्वविद्यालय की शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार, टेलीमेडिसिन और आयुष्मान भारत जैसी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन में केंद्र का महत्वपूर्ण सहयोग मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे अपने ज्ञान और कौशल का उपयोग राष्ट्र निर्माण, मानवता और सेवा भाव के लिए करें।


CDOE का शुभारंभ:-
समारोह के दौरान सेंटर फॉर डिस्टेंस एंड ऑनलाइन एजुकेशन (CDOE) का ऑनलाइन शुभारंभ भी किया गया। विश्वविद्यालय को NAAC से A+ ग्रेड प्राप्त है और CDOE के अंतर्गत संचालित पाठ्यक्रम यूजीसी से मान्यता प्राप्त हैं, जिससे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण ऑनलाइन शिक्षा का लाभ मिलेगा।

कार्यक्रम में राज्य के शिक्षा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत, राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, कुलपति डॉ. राजेंद्र डोभाल सहित विश्वविद्यालय प्रशासन, शिक्षकगण, अभिभावक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।


